क्या अब भारत की राजनीति में अमित शाह का कद ऊंचा किया जा रहा है,

क्या अब भारत की राजनीति में अमितशाह का कद ऊंचा किया जा रहा है। दिल्ली से मां वैष्णो देवी के द्वार कटरा तक सेमी हाईस्पीड ट्रेन का शुभारंभ। 
३ अक्टूबर को केन्द्रीय गृहमंत्री अमितशाह ने दिल्ली से जम्मू के कटरा तक सेमी हाईस्पीड ट्रेन का शुभारंभ किया। इस ट्रेन का शुभारंभ करना इसलिए मायने रखता है कि यह रेलवे और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की महत्वकांक्षी योजना है। ५ अक्टूबर से विधिवत से शुरू होने वाली अत्याधुनिक यह ट्रेन दिल्ली से कटरा तक मात्र आठ घंटे में पहुंचा देगी, जबकि सुपर फास्ट ट्रेन का सफर १२ घंटे का था। नवरात्र में दिल्ली से मां वैष्णों देवी के द्वार कटरा तक चलने वाली इस ट्रेन का धार्मिक दृष्टि से भी खास महत्व है। आमतौर पर ऐसे बड़े कार्यों का शुभारंभ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी स्वयं करते हैं, लेकिन ३ अक्टूबर को इस ट्रायल ट्रेन को केन्द्रीय गृहमंत्री अमितशाह ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। ऐसा नहीं कि मोदी देश से बाहर हैं, इसलिए शाह से शुभारंभ करवाया गया है। मोदी ने केवल देश में है बल्कि 3 अक्टूबर को दिल्ली में ही रहे। असल में भाजपा में अब नरेन्द्र मोदी के बाद अमितशाह को ही सबसे बड़ा नेता देखा जा रहा है। यही वजह है कि केन्द्रीय गृहमंत्री बनाने के बाद भी शाह को भाजपा का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाए रखा गया है। जेपी नड्डा को कार्यवाहक अध्यक्ष बनाया है, ताकि भाजपा का सामान्य कामकाज चलता रहे। पार्टी के सभी महत्वपूर्ण निर्णय शाह द्वारा ही लिए जाते हैं। जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद ३७० को हटवाने का श्रेय भी अमितशाह को दिलवाया गया। संसद के दोनों सदनों में रणनीति बनाने का काम भी शाह के द्वारा किया गया। सब जानते हैं कि अनुच्छेद ३७० हटाना कितना जोखिम भरा था, लेकिन शाह की रणनीति ने सफलतापूर्वक काम किया। यह सही है कि अमितशाह के पीछे नरेन्द्र मोदी पूरी ताकत के साथ खड़े हैं। पूरा देश अब अमितशाह एक मजबूत गृहमंत्री के तौर पर देख रहा है। जब अमितशाह जम्मू कश्मीर से सफलतापूर्वक अनुच्छेद ३७० को हटवा सकते हैं, तब देशहित में कोई भी बड़ा निर्णय ले सकते हैं। अधिकांश राजनीतिक पार्टियां एक व्यक्ति या परिवार पर निर्भर हो जाती है। ऐसा हाल ही में श्रीमती सोनिया गांधी के कांग्रेस का अंतरिम अध्यक्ष बनने से पता चलता है, लेकिन भाजपा में एक राजनीति के तहत अमितशाह को आगे बढ़ाया जा रहा है। देश में अभी चौतरफा नरेन्द्र मोदी की लोकप्रियता बनी हुई हैं। विपक्षी दलों के नेता चाहे कितनी भी आलोचना कर लें, लेकिन मोदी के नेतृत्व की वजह से ही लोकसभा चुनाव में भाजपा को ५४५ में से ३०३ सीटें मिली हैं। इसमें भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के तौर पर अमितशाह की रणनीति भी रही। भाजपा के लिए यह अच्छी बात है कि नरेन्द्र मोदी और अमितशाह के बीच तालमेल बना हुआ है। आने वाले दिनों में कई महत्वपूर्ण मौकों पर नरेन्द्र मोदी की जगह अमित शाह को देखा जाएगा। जैसा ३ अक्टूबर को वंदे भारत ट्रेन के शुभारंभ पर देखा गया। ट्रेन के शुभारंभ पर चार चार केन्द्रीय मंत्री उपस्थित थे। रेल मंत्री पीयूष गोयल के साथ साथ जितेन्द्र प्रसद, डॉ. हर्षवर्धन, दिल्ली भाजपा के अध्यक्ष मनोज तिवारी आदि उपस्थित रहे। यह ट्रेन दिल्ली से प्रात: ६ बजे चलकर दोपहर २ बजे कटरा पहुंचेगी और फिर दोपहर तीन बजे कटरा से दिल्ली के लिए रवाना होगी। 


Popular posts
शिक्षा किसी धर्म सम्प्रदाय की एकलौती वरासत नहीं है , मास्टर फिरोज जी अगर संस्कृत पढ़ायेंगे तो वह फारसी के शब्द बोलेगा।
Image
प्रात: स्मरणीय व कल्याणकारी अत्यंत शुभ मंत्रों और उनके अर्थों के साथ जयशंकर यादव की तरफ से सुभप्रभात।
क्या झारखण्ड चुनावों से गायब मोबलीचिंग की घटनाओं पर तारिक आज़मी की मोरबतियां - चार दिन चर्चा उठेंगी डेमोक्रेसी ।
Image
रजनीकांत की पॉलिटिक्स में एंट्री , अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव में..
Image
करवा चौथ का व्रत पत्नी और भाभी मां के परिवार साथ संपन्न हुआ , व्रत के बाद इन चीजों का किया सेवन..
Image